Bol Chithi Kile Ni Bheji Lyrics - Narendra Singh Negi & Anuradha Nirala

Bol Chithi Kile Ni Bheji Lyrics - Narendra Singh Negi & Anuradha Nirala

" बोल चिट्ठी किले नि भेजी " गाना उत्तराखंडी फिल्म घरजवै  का है जिसे  उत्तराखंड के गढ़ रत्न श्री नरेंदर सिंह नेगी और  अनुराधा निराला   के द्वारा  गाया गया है |   यह गाना उत्तराखंड मे काफी मशहूर है तथा इस गाने के बोल  नरेंदर सिंह नेगी जी द्वारा लिखे गए है |



Bol Chithi Kile Ni Bheji Lyrics - Narendra Singh Negi & Anuradha Nirala
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Song Title :Bol Chithi Kile Ni Bheji
Singer :Narendra Singh Negi and Anuradha Nirala
Lyrics :Narendra Singh Negi
Movie :Gharjaven

Bol Chithi Kile Ni Bheji Lyrics


मैं नि करदु त्वे  से बात , हट छोड़ि दे मेरु हाथ 
मैं नि करदु त्वे से  बात , छोड़ छोड़ि दे मेरु हाथ 
बोल चिट्ठी किले नि भेजी , तिन चिट्ठी किले नि भेजी 

त्वै कु थें जोड्यान हाथ - सूण सुणिजा मेरी बात 
त्वं कु थें जोड्यान हाथ - सूण सुणिजा मेरी बात 
बदनामि की डोरो नि भेजी ,
बदनामि की डोरो नि भेजी 

मुख - सामणि त खूब स्वांग भरीदी , 
परदेस जै कि याद भी नि करिदि , 
मुख - सामणि त खूब स्वांग भरीदी , 
परदेस जै कि याद भी नि करिदि , 
रुंणु - रुणु रो दीन - रात , सौंण - भादु सी बरसात , 
रुणु - रुणु रो दीन - रात , सौंण – भादु सी बरसात , 
बोल चिट्ठी किले नि भेजी ........ 
बोल चिट्ठी किले नि भेजी 
त्वं कु थें जोडुयान हाथ- सूण सुणिजा मेरि बात 
बदनामि की डोरो नि भेजी

तेरा गौं कु डाक्वान चिट्टी देणु आन्दु , 
तु रेन्दी बणूंमां वो कैमा दे जान्दु , 
तेरा गौं कु डाक्वान चिट्टी देणु आन्दु 
तु रेन्दी बणूंमां वो कैमा दे जान्दु , 
मुण्ड मां धेरि की जो हाथ , सोची - सोची मिन या बात , 
मुण्ड मा धेरि की जो हाथ , सोची - सोची मिन या बात , 
बदनामि की डोरो नि भेजी , 
बदनामि की डोरो नि भेजी 

मैं नि करदुत्व से ते बात , छोड़ छोड़ि दे मेरु हाथ , 
बोल चिट्ठी किले नि भेजी 

निगरो सरीळ त्यारू निठरु प्राण ..... 
हे निरदई त्वे मा क्या माया लाण 
निगरो सरीळ त्यारू निठरु प्राण .... 
हे निरदई त्वे मा क्या माया लाण 
झूठी मर्दो की छ जात , कन क्वेकि निभेलु साथ 
झूठी मर्दो की छ जात , कन क्वेकि निभेलु साथ 
बोल चिट्ठी किले नि भैजि , तिन चिट्ठी किले नि भेजी , 
त्वै कुथै जोड्यान हाथ -सूण सुणिजा मेरि बात 
बदनामि की डोरो नि भेजी 

मेरी साँची माया माँ शक केकु खांदी 
हे छुची त्यारा सौं तू मेरी आंख्यों मु रान्दी 
मेरी साँची माया माँ शक केकु खांदी 
हे छुची त्यारा सौं तू मेरी आंख्यों मु रान्दी 
लेकि आणु छौं बारात , अब ता उम्र भर कु साथ 
लेकि आणु छौं बारात , अब ता उम्र भर कु साथ 
मैं चिट्ठी इले नि भेजी , 
मैन चिट्ठी इले नि भेजी ..... 
मैन चिट्ठी इले निभेजी

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